भोपाल स्टेशन पर आरपीएफ ने डरी-सहमी तीन नाबालिग बालिकाओं को बचाया
मंडल रेल प्रबंधक श्री देवाशीष त्रिपाठी के मार्गदर्शन में चलाए जा रहे "ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते" के अंतर्गत आरपीएफ भोपाल द्वारा 03 नाबालिग बालिकाओं को सुरक्षित रेस्क्यू कर गौरवी सखी सेंटर के सुपुर्द किया गया।
भोपाल : दिनांक 09 जुलाई 2025 को प्लेटफॉर्म क्रमांक 01, भोपाल स्टेशन पर सहायक उप निरीक्षक श्री राघवेंद्र सिंह नियमित गश्त के दौरान ड्यूटी पर तैनात थे। इस दौरान उन्होंने तीन नाबालिग बालिकाओं को डरी-सहमी अवस्था में बैठे हुए पाया। तत्क्षण उन्होंने महिला आरक्षक उमा पटेल को बुलाकर बालिकाओं को सांत्वना दी और बातचीत का प्रयास किया।
स्थानीय यात्रियों से पूछताछ के बावजूद बालिकाओं के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी प्राप्त नहीं हो सकी। इसके पश्चात तीनों बालिकाओं को महिला आरक्षक उमा पटेल द्वारा सुरक्षित रूप से आरपीएफ पोस्ट भोपाल लाया गया। पूछताछ में बालिकाओं ने बताया कि वे दिल्ली में अपने माता-पिता की डांट से नाराज होकर बिना किसी को बताए किसी अज्ञात ट्रेन में सवार होकर भोपाल आ पहुँची थीं।
बालिकाओं द्वारा दिए गए मोबाइल नंबर पर उनके परिजनों से संपर्क किया गया तथा संपूर्ण स्थिति से अवगत कराया गया। आगे की कार्रवाई के अंतर्गत महिला आरक्षक उमा पटेल एवं प्रभारी आरक्षक राकेश कुमार द्वारा तीनों बालिकाओं का सामान्य चिकित्सकीय परीक्षण कराकर उन्हें गौरवी सखी सेंटर को सुपुर्द किया गया। परिजनों को इसकी सूचना दे दी गई है।
वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री सौरभ कटारिया ने बताया कि रेलवे परिसर में गश्त, सतर्कता और यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए नाबालिगों की सहायता हेतु ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ लगातार सक्रिय रूप से संचालित किया जा रहा है। यात्रियों से अनुरोध है कि वे रेलवे परिसर में किसी भी संदिग्ध या असहाय बच्चे को देखकर तुरंत आरपीएफ को सूचित करें।
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